11 अगस्त 2010

हो गए पूरे ४ साल...आइये केक कर रहा है इंतज़ार...






केक आप सबके लिए...

अपना ही केक है, अपने घर में, चिन्ता मत कीजिए नुकसान नहीं देगा...







९ अगस्त २००६ का वो दिन था जब
मैंने अपनी पहली पोस्ट डाली थी यानि की मैंने ब्लॉग लिखना शुरू किया था, अब ९ अगस्त को पूरे ४ साल हो गए,पता नहीं कितनी सफलता मिली, पर हॉ एक बड़ा परिवार मिला, मित्र मिले, उनका अथाह स्नेह मिला बस जिंदगी में सबकुछ मिल गया.
आज़ ११ तारीख
हो गई लिखना तो ९ को ही चाहती थी, पर व्यस्तता ने हाथों में हथकडियाँ जो डाल दी थी। आप सबके बिना सेलिब्रेशन भी कैसा? अब तो देश भी बद गया अब युगांडा ने आस्ट्रेलिया की जगह जो ले ली और यहाँ आये भी १ साल कैसे बीत गया पता नहीं चला। आप लोगों का स्नेह यूँ ही बना रहा तो कुछ न कुछ नया तो लेखन में आता ही रहेगा। अभी तो दो ही पुस्तक निकली हैं आगे जल्दी ही २ पुस्तक प्रकाशित करने का प्लान है देखिए कब तक सफलता मिलती है।



मैं और मेरी छोटी बेटी ऐश इंडियन रेस्टोरेंट में गए थे खाना खाने ....उसके बाहर का फोटो.... सूरज की किरणों ने हमारा कैसा श्रृंगार किया है देखिए..... है ना कमाल......







भावना

20 टिप्‍पणियां:

Udan Tashtari ने कहा…

बहुत खूब!!केक खा लिया.....मजा भी आया...चार साल बड़ी जल्दी हो गये. :)


ऐसे ही चलता रहे सफर..अब कुछ लिखिये भी.

अनूप शुक्ल ने कहा…

बहुत खूब! बधाई हो चार साल पूरे करने के लिये। आगे भी कई चार साल पूरे करें।

आशीष/ ASHISH ने कहा…

बधाई हो!
केक ने मुंह चिढाया हमें!
आप यूँही साल-ओ-साल चलती रहे ब्लोगिस्तान में!
और हां, तस्वीर वास्तव में बेहद खूबसूरत है!

MUFLIS ने कहा…

saalgiraah ...
bahut bahut mubarak ho !

महेन्द्र मिश्र ने कहा…

बहुत बहुत बधाई सफलतापूर्वक चार वर्ष पूर्ण होने पर

kshama ने कहा…

Bahut,bahut badhayi ho! Photographs badi sundar hain!

shama ने कहा…

Cake dikhake lalcha diya! Ye theek nahi!
Bahut,bahut badhayi!

संगीता स्वरुप ( गीत ) ने कहा…

चार साल पुरे करने की बधाई ..केक बढ़िया लगा :)

Akhtar Khan Akela ने कहा…

bhn bhaavnaa ji aadaab aadaab isliyen ke shayd yeh meri aapse pehli mulaaqaat he aap thehrin siniyr men thehraa juniyr bs isiliyen yeh opchariktaa ki he aage ab mulaaqaat hoti rhegi. akhtar khan akela kota rajsthan

kshama ने कहा…

"Bikhare Sitare"pe aapka comment padh bahut achha laga.Ye ek jeevani hai.Jab jaisa ghata,bilkul waisahee likha gaya hai.Kuchh pathak doston ke israar pe ise punah prakashit kar rahi hun.
50 vi kadiko mai ek dinse adhik blogpe rakh nahi paungi,kyonki wo khatrese khali na hoga!Aaj raat post honewali kadi 50vi hai.51 vi kadipe malika samapan le jayegi.(Jeevani nahi).

Virendra Singh Chauhan ने कहा…

Meri taraf se bhi AApko bahut-bahut badhaai..

काजल कुमार Kajal Kumar ने कहा…

फोटो पर इंद्रधनुषी छटा तो देखते ही बनती है, वाह.

डॉ. हरदीप संधु ने कहा…

बधाई !बधाई !बधाई !
चार साल पुरे करने की बधाई !!!

अरुणेश मिश्र ने कहा…

बधाई ।

भूतनाथ ने कहा…

aapki pustakon ke liye hamaaree agrim badhayiyaan.......aur aapkaa cake... yam...yam....yam....lazawaab...

Akanksha~आकांक्षा ने कहा…

खूबसूरत और लाजवाब..चार साल पूरे होने की बधाई. कभी 'शब्द-शिखर' पर भी आयें.

drpnmoghe ने कहा…

Chaar saal pure hone par badhai.
Hindu sanskruti main 4 ka bada mahatva hai.
ved char hai. dishaen char hai. shree ramji bhi char bhi the. Vishnuji chaturbhuj hain. pati - patni ko bhi char haath kahte hai.
phir se badhai
dr prakash moghe

Parul ने कहा…

bhawna ji pahli baar idhar ka rasta pakda hai..aur malum hota hai ki jashn ka mahual hai,to meri bhi badhai sweekar karen :)

सहज साहित्य ने कहा…

यह वर्ष आपके लिए नई साहित्यिक उपलब्धि का हो , ऐसी कामना है ।

JHAROKHA ने कहा…

bhavna ji aapke blog ko chaar varshh pure hone par aapko hardik badhai .in char saalo me hamne aapki lekhani ko bahut kareeb se mahsuus kiya hai. ishwar se dili kamna hai ki aap safalta ki charam unchaiyon tak pahunche.
are han!ham cake to kha hi nahin payenge kyonki ham shuddh shakahaari jo hai. koi baat nahi uski jagah ham
ladduu kha lenge------.
poonam